कलेक्ट्रेट पर पुरानी पेंशन बहाली को लेकर मुख्यमंत्री के नाम जिला अधिकारी को सोपा ज्ञापन
Gargachary Times
1 August 2025, 19:13
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Firozabad
प्रदेश भर में लगभग 45 लाख कर्मचारी व अधिकारी NPS के दायरे में आते हैं जो लगातार पुरानी पेंशन बहाली की मांग कर रहे है क्योंकि OPS (पुरानी पेंशन व्यवस्था) ही वास्तव में सामाजिक सुरक्षा है और NPS (राष्ट्रीय पेंशन व्यवस्था) से शिक्षक, कर्मचारियों व अधिकारियों के दिन में ही क्योंकि OPS (पुरानी पेंशन व्यवस्था) ही वास्तव में सामाजिक सुरक्षा है और NPS से 1500/- 1600/- 2200/- की पेंशन के रूप में मिल रहा है जिससे उनका जीवन-यापन करना भी बड़े बेकार होता जा रहा है।
सरकारी संस्थानों का निजीकरण होगा और सरकारी संस्थानों में रोजगार सृजन के अवसर भी समाप्त होंगे, इससे नौजवानों में भारी कमी आएगी, बेरोजगारी की दर भी बढ़ती जा रही है, निजीकरण की तेज रफ्तार से निम्न एवं मध्य वर्ग रोजगार के अवसरों से वंचित होता जा रहा है जो लोकतांत्रिक दृष्टि से उचित नहीं है।
उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा में स्कूलों का मर्जर व फेजरिंग से छोटे-छोटे बच्चों को बहुत असुविधा हो रही है विद्यालयों की दूरी बढ़ जाने से बहुत सारे बच्चे व्यवस्था शिक्षा से वंचित हो जाते हैं खासकर ग्रामीण क्षेत्र में बालिकाओं के लिए इस व्यवस्था में शिक्षा हेतु समस्या समाप्त हो रही है जो बहुत ही दुखद है और इस नई व्यवस्था से रोजगार के अवसर में भारी कमी आएगी, जिससे प्रदेश की बेरोजगारी दर बढ़ने की आशंका है इसलिए मर्जर व फजरिंग की व्यवस्था को विद्यार्थियों के हित तत्काल प्रभाव से बंद किया जाये!
समस्त लगातार पुरानी पेंशन की बहाली एवं निजीकरण की समाप्ति के लिए कार्यरत है और साथ-साथ आपका और सरकार का इस दिशा में ध्यान आकृष्ट कराने के लिए विभिन्न कार्यक्रम करता रहता है इसी क्रम में 01 अगस्त 2025 को पूरे प्रदेश के जिला मुख्यालयों पर NPS/UPS (राष्ट्रीय पेंशन योजना) एवं निजीकरण के