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छह माह से मजदूरी को तरस रहे नर्सरी श्रमिक, वन विभाग कार्यालय पर किया प्रदर्शन

Gargachary Times 14 January 2026, 21:08 203 views
Jalaun
छह माह से मजदूरी को तरस रहे नर्सरी श्रमिक, वन विभाग कार्यालय पर किया प्रदर्शन
कोंच (जालौन): तहसील क्षेत्र के ग्राम घुसिया स्थित वन विभाग की नर्सरी में पसीना बहाने वाले मजदूरों के चूल्हे बुझने की कगार पर पहुँच गए हैं। पिछले छह महीनों से मानदेय न मिलने से आक्रोशित दर्जनों मजदूरों ने बुधवार दोपहर करीब 2 बजे वन विभाग कार्यालय का घेराव किया। श्रमिकों ने उच्चाधिकारियों से बकाया मजदूरी के तत्काल भुगतान की गुहार लगाई है। 2006 से दे रहे सेवाएं, अब दाने-दाने को मोहताज नर्सरी में कार्यरत श्रमिकों ने अपनी व्यथा सुनाते हुए बताया कि वे वर्ष 2006 से लगातार विभाग को अपनी सेवाएं दे रहे हैं। महज 6300 रुपये के मासिक मानदेय पर काम करने वाले इन मजदूरों को अप्रैल माह से फूटी कौड़ी भी नसीब नहीं हुई है। निदाई, गुड़ाई और पौधारोपण जैसे कठिन कार्यों में जुटे इन श्रमिकों के सामने अब परिवार के भरण-पोषण और रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करने का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। DFO कार्यालय में अटकी फाइलें मजदूरों का आरोप है कि उनके मानदेय से संबंधित बिल तैयार कर डीएफओ (DFO) कार्यालय भेजे जा चुके हैं, लेकिन वहां से बिल पास न होने के कारण भुगतान लटका हुआ है। कई बार गुहार लगाने के बावजूद शासन स्तर से बजट या बिलों की स्वीकृति न मिलना विभाग की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लगा रहा है। जल्द भुगतान का मिला आश्वासन इस पूरे प्रकरण पर वन विभाग की नर्सरी प्रभारी शिवाजी ने बताया कि श्रमिकों के मानदेय की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। सभी आवश्यक बिल बनाकर उच्चाधिकारियों को प्रेषित किए जा चुके हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि जैसे ही ऊपर से बिल पास होंगे, मजदूरों के खातों में राशि भेज दी जाएगी। हालांकि, इस आश्वासन के बावजूद मजदूरों की चिंता कम नहीं हो रही है, क्योंकि बिना पैसों के उनका आगामी भविष्य अंधकारमय नजर आ रहा है।
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