Loading...

गोशालाओं में बायोगैस संयंत्र स्थापित कर ऊर्जा उत्पादन बढ़ाने की तैयारी, जिलाधिकारी ने दिए त्वरित कार्यवाही के निर्देश

Gargachary Times 28 July 2026, 20:46 36 views
Mainpuri
गोशालाओं में बायोगैस संयंत्र स्थापित कर ऊर्जा उत्पादन बढ़ाने की तैयारी, जिलाधिकारी ने  दिए त्वरित कार्यवाही के निर्देश
मैनपुरी - जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने जनपद स्तरीय गोबरधन सेल की बैठक में जनपद की गोशालाओं में बायोगैस संयंत्र स्थापित करने की कार्य-योजना, गोबर, स्लरी के वैज्ञानिक प्रबंधन तथा गौशालाओं के आधारभूत ढांचे को सुदृढ़ बनाने के संबंध में समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रस्तावित कार्यों को शीघ्र स्वीकृत कराते हुए समयबद्ध ढंग से क्रियान्वित किया जाए ताकि गोशालाओं को ऊर्जा उत्पादन एवं संसाधन प्रबंधन के बेहतर मॉडल के रूप में विकसित किया जा सके, बैठक में बायोगैस संयंत्र की स्थापना पर चर्चा करते हुए कहा कि किसी भी परियोजना को अंतिम रूप देने से पहले संबंधित स्थल का विस्तृत सर्वेक्षण किया जाए, जहां संयंत्र स्थापित किया जाना है, वहां उपलब्ध भूमि, तकनीकी आवश्यकताओं तथा भविष्य की जरूरतों का ऑकलन कर प्रस्ताव तैयार किया जाए। उन्होंने कहा कि 05 किलोवाट क्षमता का बायोगैस संयंत्र स्थापित होने से गांव की स्ट्रीट लाइट जैसी आवश्यक विद्युत जरूरतों को पूरा किया जा सकता है, जिससे ऊर्जा की बचत के साथ-साथ गोशालाओं के संसाधनों का बेहतर उपयोग भी सुनिश्चित होगा। श्री त्रिपाठी ने विशेष रूप से बायोगैस संयंत्र से निकलने वाली स्लरी के वैज्ञानिक प्रबंधन पर जोर देते हुए कहा कि किसी भी परियोजना की सफलता केवल संयंत्र लगाने से नहीं बल्कि उससे निकलने वाले अपशिष्ट के समुचित निस्तारण पर निर्भर करती है। उन्होंने कहा कि स्लरी के प्रबंधन के लिए पर्याप्त स्थान उपलब्ध कराया जाए तथा गौशाला के समीप खुले क्षेत्र अथवा खेत का चयन किया जाए, जिससे उसके निस्तारण में किसी प्रकार की समस्या उत्पन्न न हो। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि मशीन के माध्यम से लट्ठा (ठोस ईंधन) बनाने की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाए ताकि उसका उपयोग ईंधन अथवा जैविक खाद के रूप में किया जा सके और परिसर में गंदगी की स्थिति उत्पन्न न हो। बैठक में अधिकारियों ने बताया कि विकास खंड घिरोर की ग्राम पंचायत रामपुर, गुराई की गौशाला में वर्तमान में 498 गोवंश संरक्षित हैं, जो बायोगैस संयंत्र संचालन के लिए पर्याप्त संख्या है, इस पर जिलाधिकारी ने कहा कि उपलब्ध संसाधनों का अधिकतम उपयोग करते हुए परियोजना को शीघ्र प्रारंभ कराया जाए। उन्होंने कहा कि भूमि का चयन, तकनीकी परीक्षण एवं अन्य औपचारिकताएं प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण कराई जाएं तथा स्वीकृति के उपरांत धनराशि तत्काल जारी की जाए, समीक्षा के दौरान गौशाला की टिनशैड, बाउंड्री वॉल आंधी-तूफान के कारण क्षतिग्रस्त होने पर उन्होने सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देश करते हुए कहा कि बाउंड्री वॉल के निर्माण कार्य को क्रिटिकल गैप के अंतर्गत प्राथमिकता से स्वीकृत कराते हुए शीघ्र पूरा करायें, जिससे गोवंश की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। उन्होंने क्षेत्र पंचायत स्तर से भी आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने के निर्देश दिए और कहा कि बरसात के मौसम को देखते हुए मरम्मत कार्य में किसी प्रकार की देरी नहीं होनी चाहिए। बैठक में 45 घनमीटर क्षमता के बायोगैस संयंत्र की स्थापना के लिए प्राप्त प्रस्तावों की भी समीक्षा की गई, अधिकारियों ने बताया कि निदेशालय स्तर पर निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार रू. 24 लाख की स्वीकृत लागत पर कार्य कराया जाना है तथा जनपद में 02 संस्थाओं ने इस कार्य के लिए आवेदन किया है। जिलाधिकारी ने दोनों संस्थाओं के अनुभव, कार्य-क्षमता तथा पूर्व में किए गए कार्यों की जानकारी प्राप्त की, संबंधित संस्था के प्रतिनिधियों ने हाथरस, बुलंदशहर, एटा, फर्रूखाबाद, उरई, बहराइच, बस्ती, अलीगढ़, कौशांबी सहित विभिन्न जनपदों में सफलतापूर्वक कार्य करने की जानकारी दी, जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शासन की निर्धारित प्रक्रिया एवं गुणवत्ता मानकों का पूर्ण पालन करते हुए पात्र संस्था का चयन किया जाए तथा निर्माण कार्य की नियमित निगरानी सुनिश्चित की जाए। उन्होने समिति के सदस्यों की सर्वसम्मति से मै. सिद्धू बायोटेक को चुना गया। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी नेहा बंधु, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. आर.सी. गुप्ता, परियोजना निदेशक डी.आर.डी.ए. शौभनाथ चौरसिया, जिला विकास अधिकारी अजय कुमार, उपायुक्त एन.आर.एल.एम. शौकत अली, उपायुक्त उद्योग डॉ. बनवारी लाल, डी.पी.आर.ओ. राजेश बघेल, जिला समाज कल्याण अधिकारी अशोक कुमार मिश्रा, सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी सिद्धार्थ यादव, जिला प्रोबेशन अधिकारी राजनाथ राम, जिला विद्यालय निरीक्षक सतीश कुमार, अग्रणी जिला प्रबन्धक रामचद्र शाहा, ए.आर. कॉआपरेटिव जितेन्द्र पाल सिंह, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. सोमदत्त, अधिशाषी अभियंता लोक निर्माण ए.के. अरूण, अधिशाषी अभियंता जल निगम, विद्युत सहित अन्य संबंधित अधिकारी आदि उपस्थित रहे।
Follow Samachar24