डीएम ने दो स्कूलों का किया औचक निरीक्षण, बच्चों का शैक्षणिक स्तर परखा; अव्यवस्थाओं पर जताई नाराजगी
Gargachary Times
21 August 2026, 20:28
4 views
Firozabad
फिरोजाबाद। जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने शुक्रवार को शिकोहाबाद क्षेत्र के उच्च प्राथमिक विद्यालय दखिनारा एवं प्राथमिक विद्यालय बिदरखा का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने पठन-पाठन, विद्यार्थियों के शैक्षणिक स्तर, मिड-डे मील, साफ-सफाई और सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। अव्यवस्थाएं मिलने पर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।
बच्चों से संवाद कर परखा शैक्षणिक स्तर
उच्च प्राथमिक विद्यालय दखिनारा में जिलाधिकारी ने कक्षा एक से आठ तक के विद्यार्थियों से सीधे संवाद किया और उनके बौद्धिक एवं शैक्षणिक स्तर को परखा। उन्होंने छोटी कक्षाओं के बच्चों से रंगों और जानवरों के नाम पूछे, जबकि कक्षा सात और आठ के विद्यार्थियों से विद्यालय की दीवारों पर लगे महापुरुषों के चित्रों के संबंध में सवाल किए। बच्चों में सीखने की उत्सुकता और जागरूकता देखकर जिलाधिकारी ने प्रसन्नता व्यक्त की।
विद्यालय में प्लास्टिक एवं पॉलीथिन का प्रयोग पाए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताई। उन्होंने पॉलीथिन का प्रयोग पूरी तरह बंद कर कपड़े के थैलों का इस्तेमाल करने तथा बच्चों में पर्यावरण संरक्षण की आदत विकसित करने के निर्देश दिए।
रसोईघर में मिड-डे मील के लिए रखे चावल एवं अन्य राशन सामग्री की गुणवत्ता सही पाई गई। जिलाधिकारी ने प्रधानाध्यापक को बच्चों की प्रतिभा निखारने तथा शिक्षण के नए तरीके अपनाने के निर्देश दिए। सफाई कर्मी को नियमित रूप से विद्यालय परिसर की सफाई सुनिश्चित करने को कहा।विद्यालय में 249 नामांकित विद्यार्थियों के सापेक्ष 224 विद्यार्थी उपस्थित मिले। यहां कुल 16 शिक्षक कार्यरत हैं।
बिदरखा स्कूल में शिक्षण व्यवस्था पर जताई नाराजगी
इसके बाद जिलाधिकारी ने प्राथमिक विद्यालय बिदरखा का निरीक्षण किया। यहां व्यवस्थाओं में कमियां मिलने पर उन्होंने कड़ी नाराजगी व्यक्त की। कक्षा पांच में पढ़ा रहीं प्रशिक्षु शिक्षिका दीप्ति के शिक्षण का स्तर असंतोषजनक पाए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताते हुए कहा कि खराब शिक्षण गुणवत्ता से बच्चों के भविष्य के साथ न्याय नहीं हो सकता।
विद्यालय परिसर में साफ-सफाई की स्थिति ठीक नहीं मिलने पर जिलाधिकारी ने संबंधित पंचायत सचिव को प्रतिकूल प्रविष्टि देने के निर्देश दिए।
किचन में अग्निशमन यंत्र लगा हुआ मिला, लेकिन विद्यालय के किसी भी स्टाफ को उसके संचालन की जानकारी नहीं थी। इस पर जिलाधिकारी ने कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा कि सुरक्षा उपकरण उपलब्ध होने के बावजूद उनके इस्तेमाल की जानकारी न होना गंभीर लापरवाही है।
जिलाधिकारी ने बच्चों से पुस्तकें पढ़वाईं और गणित व सामान्य ज्ञान से जुड़े छोटे-छोटे सवाल पूछकर उनके शैक्षणिक स्तर का आकलन किया। उन्होंने शौचालय सहित विद्यालय की अन्य व्यवस्थाओं का भी निरीक्षण किया। यहां 78 नामांकित बच्चों के सापेक्ष 62 विद्यार्थी उपस्थित मिले।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि विद्यालयों में पठन-पाठन की गुणवत्ता, स्वच्छता और सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।